Spread the love
8 Views

Loading

ग्रेटर नोएडा/ फेस वार्ता भारत भूषण: गलगोटियास विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ एलाइड हेल्थ साइंसेज ने भारत सरकार के फुटवियर डिज़ाइन एंड डेवलपमेंट इंस्टीट्यूट (FDDI) के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और साइबरजाया विश्वविद्यालय, मलेशिया के सहयोग से इस अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन 2025 – बायोमैकेनिक्स और फुटवियर विकास में नवाचार का सफलतापूर्वक समापन किया गया।

इस दो दिवसीय आयोजन में दुनिया भर के प्रतिष्ठित शोधकर्ताओं, उद्योग विशेषज्ञों और शिक्षाविदों ने भाग लिया और रोबोटिक्स, बायोमैकेनिक्स, फुटवियर डिज़ाइन और स्वास्थ्य विज्ञान में हो रहे नवाचारों पर चर्चा की। दो दिवसीय सम्मेलन के दूसरे दिन एआई-आधारित फुटवियर डिज़ाइन और औद्योगिक अनुप्रयोगों की चुनौतियों पर केंद्रित सत्र आयोजित किए गए। इस अवसर पर डॉ. सुनील कुमार होता (DRDO) ने “कांबेट ऑपरेशन्स के लिए जूते” विषय पर मुख्य भाषण दिया। इसके अलावा, अन्य महत्वपूर्ण प्रस्तुतियाँ हुईं: डॉ. मधुसूदन पाल (वैज्ञानिक जी और निदेशक, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, FDDI नोएडा) ने फुटवियर डिज़ाइन नवाचार और विनिर्माण की चुनौतियाँ विषय पर चर्चा की। डॉ. गौरव जगन्नाथ (मेडिकल एडवाइजरी बोर्ड, क्लिनिकल एआई हेल्थकेयर टेक्नोलॉजीज) ने डिजिटल फिजियोथेरेपी में एआई अनुप्रयोगों पर व्याख्यान दिया।तुषांक जैन (एलूर एंटरप्राइज़ेज प्रा. लि.) ने भारत के फुटवियर क्षेत्र में नवाचारों का स्थानीयकरण विषय पर प्रस्तुति दी। एक पोस्टर प्रेजेंटेशन सत्र में युवा विद्वानों और पेशेवरों के नवीनतम शोध प्रदर्शित किए गए, इसके बाद फुटवियर बायोमैकेनिक्स, खेल विज्ञान और रोग रोकथाम पर वैज्ञानिक सत्र आयोजित किए गए। पूरे देश से आए स्नातक और स्नातकोत्तर छात्रों ने इनमें उत्साहपूर्वक भाग लिया। पुरस्कार विजेता:वैज्ञानिक प्रस्तुति प्रतियोगिता के विजेताओं को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रमाणपत्र और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।वरिष्ठ श्रेणी – शोधपत्र प्रस्तुति प्रथम पुरस्कार: डॉ. मेघा, द्वितीय पुरस्कार: डॉ. सुरभि कौर: तृतीय पुरस्कार: डॉ. मोहम्मद आसिफ।बायोमैकेनिक्स और फुटवियर नवाचार में एक महत्वपूर्ण कदम गलगोटियास विश्वविद्यालय ने इस सम्मेलन के माध्यम से शैक्षणिक उत्कृष्टता और शोध-आधारित नवाचार के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को पुनः पुष्टि की, जिससे अकादमिक जगत और उद्योग के बीच सहयोग को प्रोत्साहन मिला। यह आयोजन बायोमैकेनिक्स, एआई और फुटवियर टेक्नोलॉजी के विकसित होते परिदृश्य को उजागर करने में सफल रहा और भविष्य में और भी नवाचारों का मार्ग प्रशस्त होगा। विश्वविद्यालय के चांसलर, सुनील गलगोटिया ने अपने संबोधन में कहा: “बायोमैकेनिक्स और फुटवियर टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में यह सम्मेलन एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। हमारा उद्देश्य अनुसंधान को प्रोत्साहित करना और उद्योग में क्रांतिकारी बदलाव लाने वाले नवाचारों को समर्थन देना है। इस आयोजन ने हमें वैश्विक विशेषज्ञों से सीखने और सहयोग करने का एक अनूठा अवसर दिया है।”गलगोटियास विश्वविद्यालय के सीईओ डा० ध्रुव गलगोटिया ने कहा: कि “हम अपने विश्वविद्यालय में इस तरह के वैश्विक स्तर के सम्मेलनों की मेजबानी करने पर गर्व महसूस करते हैं। यह आयोजन न केवल अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देता है, बल्कि उद्योग और शिक्षाविदों के बीच सहयोग को भी सशक्त बनाता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *