नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का पीएम मोदी और सीएम योगी करेंगे शिलान्यास।

जानकारी के मुताबिक 25 नवंबर को जेवर एयरपोर्ट का शिलान्यास और भूमि पूजन किया जाएगा।

तीन साल में शुरू करना होगा संचालन

गौतमबुद्धनगर। फेस वार्ता

बड़ी खबर है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के शिलान्यास की तारीख तय हो गई है। आने वाले 25 नवंबर को जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए भूमिपूजन और शिलान्यास कार्यक्रम होगा। उस दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जेवर आएंगे। नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ संयुक्त रूप से भूमि पूजन करेंगे। आपको बता दें कि जेवर में एशिया का सबसे बड़ा एयरपोर्ट बन रहा है। इसके लिए जरूरी जमीन का अधिग्रहण हो चुका है। साइट की बाउंड्री वॉल पिछले 2 महीने से बनाई जा रही है।

जानकारी के मुताबिक 25 नवंबर को जेवर एयरपोर्ट का शिलान्यास और भूमि पूजन किया जाएगा। इसके लिए मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री कार्यालय के बीच सहमति बन चुकी है। भारतीय जनता पार्टी इस आयोजन को भव्य रूप देना चाहती है। यह पूरा कार्यक्रम दो हिस्सों में होगा। पहले हिस्से में भूमिपूजन और शिलान्यास करवाया जाएगा। जिसका आयोजन यमुना एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी और ज्यूरिख इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड मिलकर करेंगे। दूसरे हिस्से में एक विशाल जनसभा आयोजित होगी। यह आयोजन भारतीय जनता पार्टी करेगी। इस जनसभा में बुलंदशहर, गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, अलीगढ़ और आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं को बुलाया जाएगा।

करीब एक महीने बाद ही उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव के लिए आचार संहिता लगने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि 25 दिसंबर के बाद कभी भी यूपी में चुनाव आचार संहिता लागू हो जाएगी। यही वजह है कि मई-जून में होने वाला शिलान्यास समारोह खींचकर अब नवंबर में करवाया जा रहा है।

जेवर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का यहां के लोगों को करीब 25 वर्षों से इंतजार है। आपको बता दें कि जब उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार थी और राजनाथ सिंह मुख्यमंत्री थे, उस वक्त जेवर में एक अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बनाने के लिए फाइल चली थी। यह प्रस्ताव राज्य सरकार ने केंद्र सरकार को भेजा था, लेकिन इस साइट की दूरी दिल्ली में इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से बहुत कम थी। जिसके चलते परियोजना लटक गई। जब उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री मायावती बनीं तो उन्होंने भी कई बार यह प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा, लेकिन केंद्र और राज्य सरकार के बीच लगातार अनबन चलती रही। जिसकी वजह से यह परियोजना मूर्त रूप नहीं ले सकी। योजना केवल फाइलों में लखनऊ से दिल्ली और दिल्ली से लखनऊ के बीच घूमती रही। उत्तर प्रदेश में जब समाजवादी पार्टी की सरकार बनी और मुख्यमंत्री अखिलेश यादव बने तो उन्होंने जेवर से अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को आगरा शिफ्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी, लेकिन केंद्र और राज्य के बीच का गतिरोध गौतमबुद्ध नगर के लिए मुफीद साबित हुआ। अंततः वर्ष 2014 में केंद्र में नरेंद्र मोदी की सरकार बनी और 2017 में यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बने। जिसके बाद पिछले 5 वर्षों में जेवर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा धरातल पर उतर पाया है।







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